Skip to main content

चितवन में 14 अरब निवेश से देश का सबसे बड़ा ईंधन भंडारण गृह निर्माण कार्य शुरू

नेपाल ऑयल निगम ने चितवन के लोथर में देश के सबसे बड़े पेट्रोलियम भंडारण गृह का निर्माण कार्य औपचारिक रूप से शुरू कर दिया है। निगम के प्रभार कार्यपालक निदेशक दीपक बराल ने पहले चरण के भूमि प्रबंधन कार्य का शिलान्यास करते हुए निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने की प्रतिबद्धता जताई। इस परियोजना के पूरा होने पर 91,900 किलोलीटर ईंधन भंडारण क्षमता विकसित होगी, जो परिवहन लागत और तकनीकी रिसाव में कमी लाएगी।

ईंधन आपूर्ति की दीर्घकालीन सुरक्षा और भंडारण क्षमता बढ़ाने की रणनीतिक योजना के तहत नेपाल ऑयल निगम ने चितवन के लोथर में निर्माण कार्य शुरू किया है। बुधवार को निगम के प्रभार कार्यपालक निदेशक दीपक बराल ने राप्ती नगरपालिका स्थित लोथर में ‘भूमि पूजा’ कर पहले चरण के काम का शिलान्यास किया। उन्होंने कहा, ‘खुली प्रतिस्पर्धा के माध्यम से निर्माण कंपनी का चयन कर हमने इस रणनीतिक महत्व की परियोजना के पहले चरण का कार्य प्रारंभ किया है।’

निगम के अनुसार, 25 विघा 7 धुर क्षेत्रफल में फैले इस आयोजन के पहले चरण में जमीन को निर्माण योग्य बनाने का कार्य होगा। इस कार्य के लिए निगम ने खुली प्रतिस्पर्धा के माध्यम से ‘मोतीधन–डीएस जेवी’ को 79 करोड़ 54 लाख रुपये में ठेका दिया है। उपनिदेशक प्रदीप यादव ने बताया, ‘हमने निर्माण कंपनी को दिन-रात काम को तीव्रता से करने के निर्देश दिए हैं। हमारा लक्ष्य 6 से 9 महीनों के भीतर जमीन की सभी पूर्वतैयारियां पूरी कर आईओसी को सौंपना है।’

इस परियोजना में बारा अमलेखगंज से चितवन लोथर तक 62 किलोमीटर लंबी पेट्रोलियम पाइपलाइन का निर्माण किया जाएगा। पाइपलाइन निर्माण में लगने वाला लगभग 4 अरब 28 करोड़ 80 लाख रुपये आईओसी अनुदान के रूप में वहन करेगा। भंडारण गृह के निर्माण पर अनुमानित 9 अरब 80 करोड़ रुपये नेपाल ऑयल निगम द्वारा आईओसी को उपलब्ध कराए जाएंगे। यह परियोजना बागमती सहित आसपास के क्षेत्र की ईंधन आवश्यकताओं को लंबे समय तक पूरा करने में सक्षम होगी।