Skip to main content

धनकुटा में १३ फीट लंबे विषैला किंग कोबरा सांप का बचाव

२८ चैत, धनकुटा। धनकुटा नगरपालिका–३ और ६ की सीमा पर स्थित कागते क्षेत्र में लगभग १३ फीट लंबे विषैले किंग कोबरा (राजगोमन) सांप का सफलतापूर्वक बचाव किया गया है। पहाड़ी क्षेत्र में दुर्लभ पाए जाने वाले इस सांप के बचाव से स्थानीय लोगों में चिंता और उत्सुकता दोनों बढ़ गई हैं। शनिवार को धनकुटा की महालक्ष्मी नगरपालिका–५ के लेगुवा निवासी सर्प बचावकर्मी प्रदीप श्रेष्ठ ने इस सांप को सुरक्षित ढंग से काबू में लिया। समुद्र तल से लगभग १,३०० मीटर की ऊंचाई पर स्थित कागते के बोधप्रसाद वाग्ले के गोठ में यह सांप तीन दिनों से उपस्थित था।

स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंचे श्रेष्ठ ने जोखिम उठाकर सांप को नियंत्रण में लिया। बचाए गए किंग कोबरा को डिविजन वन कार्यालय धनकुटा के साथ समन्वय करके सुरक्षित रूप से इसके प्राकृतिक आवास (वन क्षेत्र) में पुनर्स्थापित करने की तैयारी धनकुटा नगरपालिका–३ के वडाध्यक्ष विकास घिमिरे ने जानकारी दी। बचावकर्मी श्रेष्ठ के अनुसार किंग कोबरा अत्यंत विषैला सांप है, जिसका टोका गंभीर स्वास्थ्य समस्या उत्पन्न कर सकता है और यहां तक कि जान भी ले सकता है। ‘‘यह सांप सामान्य हालात में हमला नहीं करता, लेकिन असंतुलित या खतरा महसूस होने पर आक्रामक हो जाता है,’’ उन्होंने बताया।

श्रेष्ठ ने कहा कि वे पिछले ९ वर्षों से सर्प बचाव कार्य में सक्रिय हैं और पिछले दो वर्षों के दौरान धनकुटा के महालक्ष्मी, पाख्रीबास समेत अन्य जगहों से पांच किंग कोबरा सांपों को नियंत्रण में लेकर सुरक्षित जंगलों में छोड़ चुके हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जलवायु परिवर्तन के कारण पहाड़ी और ठंडे इलाकों में भी ऐसे विषैले सांपों की उपस्थिति बढ़ रही है, जो मानव बस्तियों के लिए खतरा बढ़ाने का संकेत है।

जवाफ लेख्नुहोस्

तपाईँको इमेल ठेगाना प्रकाशित गरिने छैन। अनिवार्य फिल्डहरूमा * चिन्ह लगाइएको छ