
अमेरिका ने भारतीय उद्योगपति गौतम अदानी के खिलाफ धोखाधड़ी मामला खारिज किया
अमेरिकी न्याय विभाग ने भारतीय अरबपति गौतम अदानी एवं उनके शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ चलाए गए आपराधिक धोखाधड़ी मामले को खारिज कर दिया है। अदानी समूह ने अमेरिका में मौजूद तीन कानूनी मामलों का समाधान कर अब अमेरिका यात्रा करने में सक्षम हो गया है। अदानी इंटरप्राइजेज ने इरान पर अमेरिकी प्रतिबंधों का उल्लंघन करने के आरोप में 27 करोड़ 50 लाख अमेरिकी डॉलर का जुर्माना देने पर सहमति जताई है।
5 जेठ, काठमांडू। अदानी ने एक अलग दीवानी मुकदमे का समाधान करने की सहमति जताने के कुछ ही दिनों बाद यह बड़ी कानूनी राहत प्राप्त की है। इसके साथ ही अदानी समूह ने अमेरिका में मौजूद अपने तीनों कानूनी मामलों को समाप्त कर दिया है। इसके फलस्वरूप अब अदानी बिना किसी कानूनी जोखिम के अमेरिका यात्रा कर सकेंगे। आपराधिक मामला खारिज होते ही अदानी समूह की प्रमुख कंपनी ‘अदानी इंटरप्राइजेज’ ने इरान पर लगे अमेरिकी प्रतिबंधों का उल्लंघन करने के आरोप में अमेरिकी वित्त मंत्रालय को 27 करोड़ 50 लाख अमेरिकी डॉलर का जुर्माना देने पर सहमति दी है।
अमेरिकी वित्त मंत्रालय के ‘अंतरराष्ट्रीय परिसंपत्ति नियंत्रण कार्यालय’ के अनुसार, नवंबर 2023 से जून 2025 तक अदानी इंटरप्राइजेज ने दुबई स्थित व्यापारी के माध्यम से ओमान और इराक से गैस खरीदी थी, जिसे प्रतिबंधित देश इरान से लाया गया था। इस प्रक्रिया में अमेरिकी वित्तीय संस्थानों के माध्यम से डॉलर में लगभग 19 करोड़ 20 लाख डॉलर के बराबर 32 भुगतान किए गए, जो अमेरिकी कानून का उल्लंघन था।
सन् 2024 में अमेरिकी न्याय विभाग ने 63 वर्षीय गौतम अदानी, उनके भतीजे सागर अदानी और अन्य अधिकारियों के खिलाफ भारत में बड़ी नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाएं प्राप्त करने के लिए भारतीय अधिकारियों को रिश्वत देने और अमेरिकी निवेशकों को धोखा देने के आरोप में आपराधिक मामला दर्ज किया था। अदानी समूह ने इन आरोपों को शुरू से ही कड़ाई से नकारा था। न्यूयॉर्क के ईस्टर्न डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने इस मामले को पूरी तरह से खारिज करने का आदेश जारी कर दिया है।
मीडिया सूत्रों के अनुसार राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के कार्यकाल के दौरान विदेशी रिश्वत के मामलों में मुकदमा न चलाने की नीति के कारण यह मामला खारिज किया गया है। इस कानूनी सफलता में अदानी द्वारा नियुक्त नई वकील टीम की अहम भूमिका मानी जा रही है। अदानी ने राष्ट्रपति ट्रम्प के व्यक्तिगत कानूनी सलाहकार और विश्व के प्रभावशाली अमेरिकी वकील रॉबर्ट जे. जिउफ्रा जूनियर को अपनी ओर से बहस के लिए नियुक्त किया था।
न्यूयॉर्क टाइम्स के अनुसार, अदानी के वकीलों ने मामले के खारिज होने के बाद घोषणा की कि अदानी अमेरिका में 10 अरब डॉलर का निवेश करेंगे और 15,000 नौकरियां सृजित करेंगे, जो प्रतिज्ञा उन्होंने ट्रम्प के 2024 के चुनाव जीतने के बाद की थी। पिछले सप्ताह ही अमेरिकी प्रतिभूति और विनिमय आयोग ने भी गौतम अदानी और सागर अदानी के खिलाफ दीवानी धोखाधड़ी मामला वापस ले लिया था। इसके लिए उन्होंने कुल 1 करोड़ 80 लाख डॉलर का संयुक्त जुर्माना देने पर सहमति व्यक्त की थी।
इस समझौते में आरोपों को स्वीकार या अस्वीकार नहीं किया गया है, परंतु अदानी को भविष्य में अमेरिकी धोखाधड़ी विरोधी कानून का उल्लंघन न करने का निर्देश दिया गया है। फोर्ब्स के अनुसार, 82 अरब डॉलर की संपत्ति वाले अदानी विश्व के धनी व्यक्तियों की सूची में शामिल हैं। उनका व्यवसाय ऊर्जा, बंदरगाह और हवाईअड्डे जैसे प्रमुख क्षेत्रों में फैला हुआ है।