
नीतिगत निर्णयों में युवाओं की प्रभावशाली भागीदारी की मांग
विराटनगर में सम्पन्न कोशी प्रदेश स्तरीय युवा सम्मेलन ने नीतिगत निर्णयों में युवाओं की प्रभावशाली भागीदारी सुनिश्चित करने की मांग की है। सम्मेलन ने योजना निर्माण प्रक्रिया में युवा नागरिक समाज के कम से कम २० प्रतिशत प्रतिनिधित्व और युवामैत्री बजट निर्माण की अपील की है। साथ ही, युवा उद्यमियों को बिना धरोहर ऋण प्रदान करने और कुल स्वास्थ्य बजट का ५ प्रतिशत मानसिक स्वास्थ्य के लिए आवंटित करने की भी मांग की गई है।
कोशी प्रदेश के १४ जिलों के युवाओं की भागीदारी से सम्पन्न प्रदेश युवा सम्मेलन ने ऐसे अनुरोध किए हैं। विराटनगर में जेठ २८ और २९ को आयोजित इस सम्मेलन ने युवाओं की भागीदारी को समृद्ध प्रदेश के मुख्य आधार के रूप में स्वीकार करते हुए एक संकल्प भी पारित किया है। सम्मेलन ने युवा परिषद को और अधिक सशक्त और संसाधन-संपन्न बनाने की भी अपील की है।
स्थानीय और प्रादेशिक योजना निर्माण प्रक्रियाओं में युवा नागरिक समाज के कम से कम २० प्रतिशत प्रभावी प्रतिनिधित्व की सुनिश्चितता और युवाओं को शामिल कर बजट निर्माण करने की मांग सम्मेलन ने व्यक्त की है। साथ ही, किराँत, धिमाल, राजवंशी, संथाल, राई, लिम्बु समेत अन्य समुदायों की पारंपरिक कौशलों के संरक्षण हेतु प्रादेशिक रैथाने ज्ञान और नवप्रवर्तन केन्द्र स्थापित करने का आग्रह भी किया गया है।
युवा उद्यमियों को प्रोत्साहित करने के लिए कर छूट, बिना धरोहर युवा नवप्रवर्तन ऋण प्रदान करने तथा स्वदेशी उत्पादों के पेटेन्ट दर्ज कराने में सहजीकरण की मांग भी सम्मेलन ने की है। स्वास्थ्य क्षेत्र में कुल बजट का ५ प्रतिशत मानसिक स्वास्थ्य के लिए आवंटित करने और स्थानीय स्तर पर मनोपरामर्शदाता नियुक्त करने की अपील भी की गई है। सम्मेलन ने ‘कोशी प्रदेश सीएसओएस युवाफोरम’ का नया नेतृत्व भी चुना है। फोरम के संयोजक के रूप में युवा तिम्सिना और सह- संयोजक के रूप में नेहा अग्रहरी को नामित किया गया है।