
काठमांडू में सेतो मच्छेन्द्रनाथ की रथयात्रा शुरू (तस्वीरें)
समाचार सारांश
संपादकीय समीक्षा के बाद तैयार।
- काठमांडू के तीनधारा पाठशाला से चैत्र शुक्ल अष्टमी से दशमी तक सेतो मच्छेन्द्रनाथ की रथयात्रा शुरू हुई है।
- पहले दिन रथ को तीनधारा से असन तक ले जाया गया और असन में पूजा-अर्चना की जाएगी।
- रथयात्रा कल बसन्तपुर स्थित कालभैरव के सामने जाएगी और मच्छेन्द्रबहाल में समाप्त होगी।
12 चैत्र, काठमांडू। काठमांडू के तीनधारा पाठशाला से गुरुवार शाम सेतो मच्छेन्द्रनाथ की रथयात्रा शुरू हुई है। हर साल चैत्र शुक्ल अष्टमी से दशमी तक राजधानी में सेतो मच्छेन्द्रनाथ की रथयात्रा निकाली जाती है।
पहले दिन आज रथ को तीनधारा से असन तक ले जाया गया है, जहाँ रथ की पूजा और आराधना की जाएगी। शहर के अंदरूनी हिस्सों में आज, कल और परसों तक तीन दिन तक रथयात्रा आयोजित की जाएगी।
असन से रथ दूसरे दिन यानी कल बसन्तपुर में स्थित कालभैरव मंदिर के सामने ले जाया जाएगा। उसके बाद बसन्तपुर, जैसीदेवल और लगन से होते हुए रथ को फिर से मच्छेन्द्रबहाल लाकर समापन किया जाएगा।
इससे पहले तीनधारा पाठशाला के सामने 32 हाथ लंबे रथ का निर्माण किया गया था, जिसे नागराज का प्रतीक माना जाता है। हर साल इस जात्रा के बाद वर्षा और समृद्धि आने का धार्मिक विश्वास होता है।
राजधानी में सेतो मच्छेन्द्रनाथ की रथयात्रा पूरी होने के बाद रातो मच्छेन्द्रनाथ की रथयात्रा निकाली जाती है।
तस्वीरें :
