
आज पाँच संसदीय समितियों की बैठक, कार्यसूची इस प्रकार
काठमांडू में आज अंतर्राष्ट्रीय संबंध और पर्यटन, कृषि एवं प्राकृतिक संसाधन, पूर्वाधार विकास, विधायी प्रबंधन तथा सार्वजनिक नीति एवं प्रत्यायोजित विधायी समितियों की बैठकें होंगी। अंतर्राष्ट्रीय संबंध और पर्यटन समिति सुबह 11 बजे “पर्यटन विधेयक, 2081” से संबंधित संबंधित पक्षों के साथ चर्चा करेगी। विधायी प्रबंधन समिति दोपहर 1 बजे “संक्रामक पशु रोग (नियंत्रण) विधेयक, 2083” पर सैद्धांतिक चर्चा आयोजित करेगी। सार्वजनिक नीति एवं प्रत्यायोजित विधायी समिति दोपहर 2 बजे विज्ञ धनप्रसाद लामिछाने के साथ चरागाह नीति पर चर्चा करेगी।
8 भदौ, काठमांडू। आज पाँच प्रमुख संसदीय समितियों की बैठक कड़ी है, जिनमें अंतर्राष्ट्रीय संबंध और पर्यटन, कृषि एवं प्राकृतिक संसाधन, पूर्वाधार विकास, विधायी प्रबंधन और सार्वजनिक नीति एवं प्रत्यायोजित विधायी समितियाँ शामिल हैं। संसद सचिवालय की सूचना के अनुसार, अंतर्राष्ट्रीय संबंध और पर्यटन समिति की बैठक सुबह 11 बजे, कृषि एवं प्राकृतिक संसाधन समिति की बैठक साढ़े 9 बजे, पूर्वाधार विकास समिति की बैठक 10 बजे, विधायी प्रबंधन समिति की बैठक दोपहर 1 बजे और सार्वजनिक नीति तथा प्रत्यायोजित विधायी समिति की बैठक दोपहर 2 बजे आयोजित की जाएगी।
अंतर्राष्ट्रीय संबंध और पर्यटन समिति की बैठक में “पर्यटन विधेयक, 2081” के विषय में नेपाल पर्वतारोही संघ सहित संबंधित पक्षों के साथ चर्चा आयोजित होगी। कृषि एवं प्राकृतिक संसाधन समिति की बैठक में कृषि, वन एवं पर्यावरण मंत्रालय द्वारा गठित मानव-वन्यजीव विवाद प्रबंधन तकनीकी दल द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट पर विचार-विमर्श होगा। इसी प्रकार पूर्वाधार विकास समिति की बैठक में पूर्वाधार विकास तथा सार्वजनिक-निजी साझेदारी पर चर्चा होगी। समिति ने इस चर्चा के लिए निवेश बोर्ड, नेपाल उद्योग वाणिज्य महासंघ, नेपाल चेंबर ऑफ कॉमर्स, नेपाल उद्योग परिसंघ और नेपाल-इंडिया चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया है।
विधायी प्रबंधन समिति की बैठक में “संक्रामक पशु रोग (नियंत्रण) विधेयक, 2083” पर सैद्धांतिक चर्चा की जाएगी। इस चर्चा के लिए समिति ने कृषि मंत्री, कृषि, वन एवं पर्यावरण मंत्रालय के सचिव और कानून, न्याय तथा संसदीय मामलों के मंत्रालय के सचिव को उपस्थित रहने के लिए बुलाया है। सार्वजनिक नीति तथा प्रत्यायोजित विधायी समिति की बैठक में विज्ञ धनप्रसाद लामिछाने के साथ चरागाह नीति पर संवाद होगा, जिसमें समिति ने विज्ञ लामिछाने को भी आमंत्रित किया है।