
पर्याप्त नींद से कई रोगों का खतरा घटता है: नए अध्ययन के निष्कर्ष
एक नए अध्ययन में यह पाया गया है कि रात में 6 से 8 घंटे की नींद और पर्याप्त REM तथा गहरी नींद लेने वाले व्यक्तियों में कई गंभीर रोगों का जोखिम कम होता है। PLOS मेडिसिन में प्रकाशित इस अध्ययन के अनुसार, 5 घंटे से कम नींद लेने वालों में 37 प्रकार के रोगों का खतरा अधिक होता है और नींद की अनियमितता मानसिक एवं शारीरिक समस्याओं से जुड़ी होती है। चीन के कैपिटल मेडिकल यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने यूके बायोबैंक के 95,559 प्रतिभागियों के आंकड़ों का विश्लेषण कर यह निष्कर्ष निकाला है। 8 असोज, काठमाडौं।
प्रत्येक रात 6 से 8 घंटे की पर्याप्त नींद और ‘REM’ (Rapid Eye Movement-आरईएम) तथा गहरी नींद लेने वाले लोगों में दर्जनों गंभीर रोगों का जोखिम उल्लेखनीय रूप से कम होता है, यह नए अध्ययन में पुष्टि हुई है। वैज्ञानिक पत्रिका ‘PLOS मेडिसिन’ में 17 सितंबर को प्रकाशित इस अध्ययन के अनुसार, दैनिक 5 घंटे से कम नींद लेने वालों में विभिन्न रोगों का खतरा अधिक पाया गया है।
चीन के कैपिटल मेडिकल यूनिवर्सिटी के शोधकर्ता शेंगज़ी सन और उनकी टीम द्वारा किए गए इस अध्ययन ने नींद की मात्रात्मक और गुणात्मक स्थिति का मानव स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रत्यक्ष प्रभाव के बारे में नई जानकारी प्रस्तुत की है। इस शोध के लिए टीम ने यूके बायोबैंक के 95,559 प्रतिभागियों के आंकड़ों का विश्लेषण किया। प्रतिभागियों ने सात दिन एवं सात रातें ‘रिस्ट एक्सेलेरोमीटर’ नामक उपकरण पहना, जिससे उनकी नींद की निगरानी की गई।
शोधकर्ताओं ने ‘डीप-लर्निंग एल्गोरिदम’ का उपयोग कर नींद के विभिन्न चरणों (REM, गहरी और हल्की नींद), कुल नींद समय, नींद के बाद जागने की स्थिति और नींद की अनियमितता को मापा। प्रतिभागियों को औसतन 8.9 वर्षों तक लगातार निगरानी में रखा गया और उनकी स्वास्थ्य अभिलेखों के आधार पर 1000 से अधिक रोगों के साथ नींद के संबंध का परीक्षण किया गया। अध्ययन के अनुसार REM नींद की मात्रा अधिक होने वाले व्यक्तियों में हार्ट फेलियर, डिमेंशिया और पार्किंसंस जैसे 83 रोगों का खतरा काफी कम पाया गया।