७ हजार शय्याओं पर निःशुल्क उपचार सेवा, कैसे प्राप्त करें?
स्वास्थ्य मंत्रालय ने देश भर के अस्पतालों में उपलब्ध १० प्रतिशत निःशुल्क शय्याओं का विवरण सार्वजनिक करने के लिए ‘फ्री हेल्थ पोर्टल’ लॉन्च किया है। अब तक २३ अस्पतालों ने पोर्टल पर उपलब्ध ५३२५ शय्याओं में से ६२१ शय्या निःशुल्क आरक्षित की हैं, जिनमें से केवल एक शय्या ही उपयोग में है। निजी अस्पतालों ने स्पष्ट मानदंड न होने के कारण १० प्रतिशत निःशुल्क शय्याओं को लागू करने में कठिनाई जताई है। ३ वैशाख, काठमांडू।
विपन्न, असहाय और बेवारिसे मरीजों के लिए अस्पतालों को आरक्षित करनी वाली १० प्रतिशत निःशुल्क शय्याओं का विवरण ऑनलाइन सिस्टम के माध्यम से सार्वजनिक किया जा रहा है। स्वास्थ्य तथा जनसंख्या मंत्रालय ने ‘फ्री हेल्थ पोर्टल’ संचालित कर देश भर के अस्पतालों में उपलब्ध निःशुल्क शय्या, उन शय्यों में उपचाररत मरीजों का विवरण रियल टाइम में देखने की व्यवस्था कर दी है। मंत्रालय के सहप्रवक्ता डॉ. समीयर अधिकारी के अनुसार इस पोर्टल से अस्पतालों में कितनी निःशुल्क शय्या उपलब्ध हैं, कौन-कौन उन शय्याओं पर इलाज ले रहे हैं और कितनी शय्या खाली हैं, यह जानकारी आसानी से प्राप्त की जा सकती है।
मंत्रालय के अनुसार कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने और अस्पतालों में उपलब्ध निःशुल्क सेवाओं की वास्तविक स्थिति सार्वजनिक करने के लिए ‘फ्री हेल्थ पोर्टल’ शुरू किया गया है। मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक संघ, प्रदेश और स्थानीय स्वास्थ्य संस्थानों के कुल लगभग ७ हजार शय्याओं से विपन्न और असहाय नागरिकों को निःशुल्क सेवा मिलेगी। डॉ. अधिकारी के अनुसार निःशुल्क उपचार सेवा लेने के इच्छुक विपन्न मरीज अस्पताल की सामाजिक सेवा इकाई से सेवाएं प्राप्त कर सकते हैं।
निजी अस्पतालों के छाता संगठन एसोसिएशन ऑफ प्राइवेट हेल्थ इंस्टिट्यूशंस ऑफ नेपाल (अफिन) के अध्यक्ष डॉ. पदम खड़का ने कहा कि १० प्रतिशत निःशुल्क शय्या उपलब्ध कराने के लिए स्पष्ट मानदंड के बिना इसे लागू करना संभव नहीं है। उन्होंने कहा, ‘राज्य किस तरह लागू करेगा, खर्च कैसे प्रबंधित होगा और कौन कौन सी सेवाएं निःशुल्क होंगी, इन सभी पर स्पष्ट नीति के बाद ही व्यावहारिक रूप से इसे लागू किया जा सकता है।’