
डेम्बेले ने गति और ड्रिब्लिंग की नई परिभाषा रची
समाचार संक्षेप
OK AI द्वारा निर्मित। संपादकीय समीक्षा की गई।
- फ्रांसीसी फोरवर्ड उस्मान डेम्बेले ने 2024-25 सीजन में PSG के लिए 53 मैचों में 35 गोल और 16 असिस्ट के साथ शानदार प्रदर्शन किया।
- डेम्बेले ने PSG के साथ खेलते हुए 2025 में Ligue 1 और क्लब इतिहास की पहली UEFA चैंपियंस लीग समेत कई खिताब जीते।
- 2018 के विश्व विजेता फ्रांस की टीम के सदस्य डेम्बेले ने आगामी 2026 फीफा विश्व कप में गोल करने का लक्ष्य रखा है।
17 जेठ, काठमांडू। फ्रांसीसी फॉरवर्ड उस्मान डेम्बेले का फुटबॉल सफर संघर्षपूर्ण और प्रेरणादायक रहा है। कम उम्र में उनकी तेज़ रफ्तार, ड्रिब्लिंग और रचनात्मक खेल शैली के कारण उन्हें फ्रांस की एवरे क्लब ने पहचाना। केवल एक सीजन Ligue 1 में खेलने के बाद जर्मन क्लब बोरुसिया डॉर्टमंड ने उन्हें साइन किया।
बुंडेसलीगा में बेहतरीन प्रदर्शन के बाद डेम्बेले विश्व प्रसिद्ध क्लब FC बार्सिलोना पहुंचे। बार्सिलोना में रहते हुए उन्होंने तीन बार ला लीगा, दो बार कोपा डेल रे और दो बार सुपरकोपा जीता।
लेकिन चोटों ने उनके कैरियर में बाधाएं डालीं। लगातार चोटों के कारण वे अपेक्षित निरंतर प्रदर्शन नहीं कर सके। इसके बाद 2023 में वे फ्रांस लौटे और पेरिस सेंट-जर्मेन से जुड़कर अपनी उत्कृष्ट फॉर्म वापस पाई।
उनका खेल स्टाइल अत्यंत आकर्षक माना जाता है। तेज़ गति, दोनों पैरों से खेलने की क्षमता, उत्कृष्ट ड्रिब्लिंग और विरोधी की रक्षा को भेदने वाले पास उनकी मुख्य विशेषताएं हैं। उन्हें अकेले मैच का रुख बदलने वाला खिलाड़ी माना जाता है।
2025 डेम्बेले के लिए एक खास साल साबित हुआ। PSG ने Ligue 1, Coupe de France और Trophée des Champions के साथ क्लब इतिहास की पहली UEFA चैंपियंस लीग ट्रॉफी भी जीती। फ्रांस ने फीफा विश्व कप 2022 के फाइनल तक का सफर तय किया और डेम्बेले उस सफलता के प्रमुख खिलाड़ियों में से एक थे।
डेम्बेले को FC बार्सिलोना ने 2017 में साइन करते समय करीब 105 मिलियन यूरो खर्च किया था। उस वक्त वे विश्व फुटबॉल के दूसरे सबसे महंगे खिलाड़ी थे। सिर्फ नेइमार ही महंगे थे, जिन्हें PSG ने 220 मिलियन यूरो में बार्सिलोना से खरीदा था।
बोरुसिया डॉर्टमंड में रहते हुए डेम्बेले ने अपनी तेज़ गति, उम्दा ड्रिब्लिंग और रचनात्मक खेल से विश्व फुटबॉल का ध्यान खींचा था। इसलिए बार्सिलोना ने उन्हें भविष्य के सुपरस्टार की तरह देखकर भारी रकम खर्च की। लेकिन स्पेन में उनका सफर आसान नहीं रहा। चोटों ने प्रदर्शन पर बड़ा प्रभाव डाला। बार्सिलोना में बिताए 6 सालों में उन्होंने लगभग 120 मैच गंवाए, जो लगभग दो पूरे सीजन के बराबर है।
लेकिन PSG में आने के बाद डेम्बेले ने अपनी बेहतरीन फॉर्म वापस पाई। 2024-25 सीजन उनके कैरियर का सबसे अच्छा माना गया। उन्होंने 53 मैचों में 35 गोल किए और 16 असिस्ट प्रदान की। यह आंकड़ा उनके पिछले पांच सीजनों के कुल योगदान से भी अधिक था।
डेम्बेले की इस वापसी ने यह स्पष्ट कर दिया कि वे केवल प्रतिभाशाली ही नहीं बल्कि कठिन परिस्थितियों से उभरने की मानसिक ताकत भी रखते हैं।

डेम्बेले का विश्व कप सफर
डेम्बेले ने कम उम्र में ही अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में बड़ी सफलता हासिल की। 21 वर्ष की उम्र में उन्होंने फ्रांस टीम के साथ फीफा विश्व कप 2018 का खिताब जीता। रूस विश्व कप में वे समूह चरण के दो मैचों में शुरुआती खिलाड़ी थे।
उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2-1 की जीत में खेला और डेनमार्क से गोलरहित ड्रॉ खेला। हालांकि नॉकआउट चरण में उनकी भूमिका सीमित रही। उरुग्वे के खिलाफ क्वार्टरफाइनल में उन्होंने आखिरी दो मिनट ही खेला, इसके अलावा वे ज्यादातर खेलों में बेंच पर रहे। फ्रांस ने अंततः क्रोएशिया को हराकर विश्व कप जीता और डेम्बेले भी विश्व विजेता टीम के सदस्य बने।
फीफा विश्व कप 2022 में उनका प्रदर्शन और भी प्रभावशाली था। प्रतियोगिता के पहले मैच में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उन्होंने किलियन एम्बाप्पे को गोल के लिए असिस्ट किया और फ्रांस को 4-1 की जीत दिलाई। पोलैंड के खिलाफ 3-1 की जीत में भी उन्होंने एम्बाप्पे के साथ शानदार तालमेल दिखाया और टीम को क्वार्टरफाइनल तक पहुंचाने में मदद की।
कतर विश्व कप का फाइनल विश्व फुटबॉल के सबसे रोमांचक मैचों में से एक था। फ्रांस और अर्जेंटीना के बीच अतिरिक्त समय में 3-3 की बराबरी के बाद मैच पेनाल्टी शूटआउट में गया। अंततः अर्जेंटीना विजेता बना और फ्रांस उपविजेता रहा।
डेम्बेले के लिए फाइनल मैच कठिन रहा। फ्रांस शुरुआती दौर से दबाव में था और 2-0 से पिछड़ने के बाद उन्हें 41वें मिनट में मैदान से हटाना पड़ा। इसके साथ ही कतर विश्व कप में उनका सफर समाप्त हुआ।
डेम्बेले के लिए फीफा विश्व कप 2026 खास मौका हो सकता है। क्लब फुटबॉल में लगातार सफल होने के बावजूद वे अभी तक विश्व कप या यूरोपीय चैंपियनशिप में व्यक्तिगत रूप से गोल नहीं कर पाए हैं। इसलिए आगामी विश्व कप में गोल करने का सपना पूरा करना उनका बड़ा लक्ष्य है।
विशेष रूप से PSG में उनकी वर्तमान उत्कृष्ट फॉर्म उन्हें विश्व कप 2026 में फ्रांस के सबसे खतरनाक खिलाड़ियों में से एक बनने की उम्मीद जगा रही है। उनकी गतिशीलता, ड्रिब्लिंग, दोनों पैरों से खेलने की क्षमता और आक्रमण में रचनात्मकता फ्रांस को और मजबूत बनाएगी।
युवा और अनुभवी सितारों से भरी फ्रांस की टीम को प्रतियोगिता का प्रमुख दावेदार माना जा रहा है।